बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान
सिरसा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, धौलपालिया में 19 मई 2025 को महिला एवं बाल विकास विभाग के सहयोग से बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि प्रियंका आर्या रहीं। उन्होंने इस अभियान के उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला और बताया कि इसके द्वारा भ्रूण हत्या, बाल विवाह, बालिका अधिकार जैसे विषयों को मोबाइल वैन के द्वारा ऑडियो वीडियो रूप में दिखाया जा रहा है। इस पहल के सकारात्मक परिणाम चयनित गांवों में सामने आए हैं। उन्होंने समाज को बेटियों के महत्व को समझने और उन्हें समान अवसर देने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि आज महिला विश्व की आधी आबादी का प्रतिनिधत्व करती है अत: हमें अब समाज को रूढिय़ों से मुक्त करना है भ्रूण हत्या समाज का कलंक है। अत: हमें बेटियों को बचाना है और उन्हें भी बेटों की तरह समान अवसर उपलब्ध कराने हैं। बाल विवाह भी बेटी के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के लिए ठीक नहीं है, अत: हमें बाल विवाह जैसी कुप्रथा को भी रोकना है। विद्यालय की विज्ञान विषय की अध्यापिकाएं मंजू एवं अनीता ने बालिकाओं की शिक्षा की अनिवार्यता पर विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि शिक्षित बालिकाएं न केवल अपने परिवार, बल्कि समाज के विकास की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऑपरेशन सिंदूर में बेटियों की भूमिका सारा संसार देख चुका है, इसलिए अब भेदभाव का समय नहीं रहा है। बेटियों को भी जीने का और अच्छी शिक्षा का अधिकार है। कार्यक्रम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता रोशनी देवी सहित कई अन्य महिलाओं ने भी अपने विचार प्रस्तुत किए। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम समाज में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान को सार्थक दिशा प्रदान करते हैं। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य रायसिंह ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि समाज को बेटियों के अधिकार, शिक्षा और समानता के प्रति जागरूक करना आज की आवश्यकता है। विद्यालय भविष्य में भी ऐसे प्रेरणादायक कार्यक्रमों के आयोजन के लिए कटिबद्ध रहेगा।