मानवता ही सबसे बड़ा धर्म है

सिरसा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बाजेकां में जिला समाज कल्याण विभाग की ओर से छुआछूत उन्मूलन कार्यक्रम करवाया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में चमन भारतीय शिक्षाविद् राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सिरसा में शिरकत की। विशिष्ट अतिथि के रूप में श्रवण कुमार जिला तहसील कल्याण अधिकारी सिरसा और कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रहलाद सिंह बैनीवाल प्रधानाचार्य राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बाजेकां ने की। अपने संबोधन में चमन भारतीय शिक्षाविद ने कहा कि मानवता ही सबसे बड़ा धर्म है, हम सब को मिलजुल कर रहना चाहिए। भारत देश गुरुजनों पीरों, फकीरों की धरती रहा है, गौतम बुद्ध की धरती है। गौतम बुद्ध एक राजा के बेटे होते हुए भी संसार में भटक-भटक कर ज्ञान प्राप्त करके मानवता धर्म का पाठ पढ़ाया। उन्होंने बाबा साहब डा. भीमराव अंबेडकर को याद करते हुए कहा कि की शिक्षा ही एक ऐसा हथियार है, जिससे हम गरीबी, छुआछूत, सामाजिक असमानता दूर कर सकते है। शिक्षा ही एक ऐसा अस्त्र-शस्त्र है, जो सभी सामाजिक बुराइयों की काटने की क्षमता रखता है विशिष्ट अतिथि श्रवण कुमार ने अपने संबोधन में समाज कल्याण विभाग की स्कीमों के बारे में विस्तार से बताया और समय-समय पर विभाग द्वारा हरियाणा सरकार द्वारा सभी वर्गों को लाभ मिले, यह संदेश भी दिया।   अपने संबोधन में प्रहलाद सिंह बैनीवाल ने कहा कि आज का युग बदल चुका है। शिक्षा के माध्यम से सभी को यह बात समझ में आई है कि जाति-पाति कुछ भी नहीं होता, भाईचारा ही सबसे बड़ा धर्म है। भाषण प्रतियोगिता में हरप्रीत पत्र बंटी सिंह कक्षा ग्यारहवीं प्रथम कशिश पुत्री शेट्टी सिंह कक्षा दसवीं द्वितीय, जसप्रीत सुपुत्र जसवंत सिंह तृतीय रहे। वहीं निबंध प्रतियोगिता में खुशी सुपुत्री सतपाल कक्षा ग्यारहवीं प्रथम, रिया सुपुत्री हरबंस लाल कक्षा 8 द्वितीय और संध्या कंबल सुपुत्री संदीप कुमार कक्षा 9 तृतीय स्थान पर रहे। इस अवसर पर मंच संचालन सतपाल संस्कृत प्राध्यापक ने किया। मंजू, निहारिका अमित कलाध्यापक और ने स्टाफ  सदस्य भी उपस्थित थे।

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *